हिमाचल के युवा कवि राजीव डोगरा ‘विमल’ होंगे सम्मानित

शि.वा.ब्यूरो, कांगडा। हिमाचल एकता मंच 7 मार्च को में बेटियाँ स्माइल अवार्ड करने जा रहा है, जिसमे हम म्हारी संस्कृति फोक अवार्ड भी दिए जाएंगे। इसी कार्यक्रम में युवा कवि राजीव डोगरा को उनके द्वारा किये जा रहे कार्य को देखते हुए अवार्ड देकर समानित किया जाएगा। यह कार्यक्रम स्कॉलर इंटरनेशनल स्कूल मटौर कांगडा आयोजित किया जा रहा है। राजीव डोगरा विमल से कहा कि उन्हें बहुत ही खुशी महसूस हो रही है कि उनको हिमाचल एकता मंच उनको सम्मानित कर रहा है। उन्होंने हिमाचल एकता मंच के चेयरमैन दीप लाल…

किसी ओर से

राजीव डोगरा ‘विमल’, शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र। मुझे किसी ओर से इश्क करने की जरूरत नहीं है मैं तुमसे ही मोहब्बत करता रहूंगा। मुझे किसी ओर के जिस्म को छूने की तलब नहीं है मैं तेरी रूह को छूकर ही सकून लेता रहूंगा। मुझे किसी ओर से दिल लगाने की जरूरत नहीं अपने सीने में ही तुम्हारी धड़कनों को सुन मुस्कराता रहूंगा। युवा कवि लेखक कांगड़ा हिमाचल प्रदेश 

जीवन के सत्य को उद्घाटित करती कहानियां प्रस्तुत करती है 13 कहानियों का संग्रह “जीना इसी का नाम है” (समीक्षा)

राजीव डोगरा ‘विमल’, शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र।       जीवन की कसौटी सत्य की अग्नि में जलकर कांतिमय होकर देदीप्यमान होना है। जीवन के प्रति हमारा दृष्टिकोण, दर्शन, उद्देश्य एवं उपादेयता का जीवन पर्यंत बोध नहीं हो पाता जन्म के समय की मौलिकता जीवन के अस्ताचल तक अनेक विद्रूपताओं  का आवरण ओढ़कर अपना वास्तविक स्वरूप को देती है। सुपरिचित लेखिका सुरभि रैना बाली का कहानी संग्रह “जीना इसी का नाम है” 13 कहानियों का संग्रह है जो जीवन समाज और परंपराओं की ऐसी त्रिवेणी है जहां जिजीविषा जन्म लेती…

वजूद

राजीव डोगरा ‘विमल’, शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र। उड़ चुके हैं जो परिंदे वो फिर लौटकर आएंगे, मेरे पास न सही खुदा तेरे पास तो जरूर आएंगे। ये सारा जहान तेरा है, मुझ से न सही पर तुम से तो फिर से जरूर टकराएंगे। जब मिले तुमको तो पूछना ज़रा बैठकर, जान कर भी तेरे वजूद को तेरे ही इंसा को फिर क्यों तड़पा रहे थे ? जानकर भी कि ये धरती ये आसमा सब तेरा है फिर क्यों किसी का भाग्य विधाता बनकर बैठे थे? युवा कवि लेखक कांगड़ा, हिमाचल…

पिण्डी रूप में प्रकट हुई माता भद्रकाली

राजीव डोगरा ‘विमल’, शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र। हिमाचल प्रदेश में कांगड़ा के तक्कीपुर गांव में भद्रकाली माता पिंडी रूप में विराजमान हुई हैं। 5 फुट खुदाई के बाद पिंडी को बाहर निकाला है। सेवक गुलशन कुमार ने बताया कि उन्हें माता का स्वप्न आया था कि वह उसे पिंडी रूप में जमीन से निकालकर अपने घर में विराजमान करें। उसके बाद उन्होंने बताई हुई जगह पर खुदाई की,जहां उन्हें पिंडी के रूप माता ने दर्शन दिए। पिंडी को पालकी में बैठाकर लाया गया। तक्कीपुर के सत्संग घर के पास मां…

खुद के अहम और वहम

राजीव डोगरा ‘विमल’ शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र।   खुद के अहम और वहम में खुद को खुदा माना छोड़ दो। सब की तकदीरे वो ऊपर वाला ही लिखता है खुद को शातिर समझना छोड़ दो। मैं रहूं न रहूं इस धरा में वो सदा ही वास करता रहेगा हर जगह में। मैं मिट्टी में मिट्टी हो जाऊंगा, ये कोई नई बात नहीं मगर वो खुदा मिट्टी से फिर मुझे बनाएगा बस ये बात याद रखना। युवा कवि लेखक कांगड़ा, हिमाचल प्रदेश

बसंत तुम जब

प्रीति शर्मा “असीम”, शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र। बसंत तुम जब आते हो । प्रकृति में नव -उमंग,  उन्माद भर जाते हो। बसंत तुम जब आते हो हवाएं चलती हैं सुगंध ले कर। जीवन में खुशबू बिखराते हो। बसंत तुम जब आते हो।  कितने नए एहसास जागते हैं। सृजन की प्रेरणा दे । नित -नूतन संसार सजाते हो। हर तरफ फूलों से बगियाँ तुम सजाते हो।। कहीं पीले -कहीं नारंगी। लाल गुलाब महकाते हो। बसंत तुम जब आते हो। जीवन में उमंग भर जाते हो। नदिया इठला कर चलती है। दिनों…

करोना को भगाएंगे

राजीव डोगरा ‘विमल’ शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र। अब हम फिर से स्कूल चले करोना को हराकर सब बच्चे हम स्कूल चले। करोना से अब न घबराएगे मास्क लगाकर रोज स्कूल जाएंगे। हेलो हाय अब छोड़कर दूर से सब को नमस्ते कर एक नया अभियान मित्रों में चलाए गए। 2 फुट की दूरी सबसे बनाए गए, गंदे होने पर हाथों को नाक,आंखों और मुँह से बिल्कुल स्पर्श न करेंगे। समय-समय पर 2 मिनट तक हाथों को धो-धो चमकाएंगे और सब बच्चे मिलकर करोना को अपने देश से दूर भगाए गए। कांगड़ा…

हिमाचल में बम्पर बर्फवाती से बिछी चांदी सी सफेद चादर

डॉ जगदीश शर्मा, शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र। हिमाचल प्रदेश जिला मण्डी पांगणा चांदी  सा चमक उठा। सर्दी का मौसम आते ही सभी की तमन्ना बर्फ के बिछौने पर अठखेलियां करने की होती है। बर्फ के बाहों का गिरना, बर्फ के गोले बनाकर एक दूसरे पर फेंकना, बर्फ के बुत बनाना, बर्फ पर फिसलने का उल्लास निराला ही होता है। हिमालय प्रदेश के पहाड़ी भागों में किसानों बागबानो के लिए बर्फ खाद के तुल्य है। ऐसे में बर्फ गिरने पर पहाड़ के निवासी किसान बागवान खुशी से फूले नहीं समाते। “हीऊँए…

राजीव डोगरा ‘विमल’ तथा छात्रा आकृति को मिला हिम रतन प्रेरणा सम्मान

शि.वा.ब्यूरो, कांगड़ा (हिमाचल प्रदेश)। युवा कवि लेखक और भाषा अध्यापक राजीव डोगरा ‘विमल’ और उनकी आठवीं कक्षा की छात्रा आकृति को प्रेरणा मंच नालागढ़, हिमाचल प्रदेश द्वारा हिम रतन प्रेरणा सम्मान से सम्मानित किया गया। उनको यह सम्मान मंच के द्वारा करवाई गई प्रतियोगिता में उत्कृष्ट काव्य रचना के लिए दिया गया। उनको यह सम्मान मंच की संचालिका और हिमाचल की प्रख्यात लेखिका प्रीति शर्मा “असीम” द्वारा प्रदान किया गया। सम्मान मिलने पर छात्र आकृति और उनकी माता वीना देवी और पिता महेंद्र सिंह ने खुशी व्यक्त की और मुख्याध्यापक प्रवेश…