वार्षिक परीक्षाफल न निकलने की दशा में भी दशमोत्तर छात्रवृत्ति योजना के तहत किया जा सकेगा ऑनलाइन आवेदन 


शि.वा.ब्यूरो, मुजफ्फरनगर। जिला पिछडा वर्ग कल्याण अधिकारी शिवेन्द्र कुमार ने बताया कि दशमोत्तर छात्रवृत्ति योजनान्तर्गत संशोधित समय-सारिणी एवं कार्य योजना पर कार्यवाही किये जाने हेतु निर्देश दिये गये है। उन्होने बताया कि छात्र द्वारा वार्षिक परीक्षाफल (दोनो सेमेस्टर का परीक्षाफल) न निकलने की दशा मे Result Not Yet Declared ऑपशन चुनते हुए ऑनलाइन आवेदन किया जा सकेगा। ऐसे सभी छात्रों का डाटा संदेहास्पद श्रेणी में रहेगा तथा समय-सारिणी में संदेहास्पद डाटा का सही करने की समयावधि (01 फरवरी 2021 से 10 फरवरी 2021 तक) अनिवार्य रूप से परीक्षाफल भरते हुए आवेदन पूर्ण न करने की दशा मे आवेदन निरस्त माना जायेगा।

उन्होने बताया कि संस्था द्वारा छात्र का आवेदन प्राप्त करते समय यदि कोई त्रुटि प्रदर्शित होती है तो संस्था छात्र का आवेदन ऑनलाइन वापस कर सकेगी तथा छात्र द्वारा ऐसे आवेदन को सही कराके पुनः 07 दिन के अन्दर संस्था द्वारा अग्रसारित करना अनिवार्य होगा। छात्र-छात्रा द्वारा सन्देहास्पद डाटा का ऑनलाइन किये गये सुधार सम्बन्धी अभिलेख अनिवार्य रूप से शिक्षण संस्थान को साक्ष्य के रूप मे उपलब्ध कराना होगा, जिसके आधार पर समस्त शिक्षण संस्थान द्वारा सम्बन्धित छात्र का आवेदन पत्र ऑनलाईन अग्रसारित किया जाएगा।
जिला पिछडा वर्ग कल्याण अधिकारी ने बताया कि समस्त शिक्षण संस्थान के छात्रवृत्ति हेतु नामित नोडल अधिकारी द्वारा ऐसे समस्त छात्रों के ऑनलाइन सुधार किये गये संदेहास्पद डाटा की प्रमाणित सूची (हस्ताक्षर नाम, पदनाम, व दिनांक सहित) एवं अभिलेखीय साक्ष्य सम्बन्धित कल्याण विभाग अधिकारी कार्यालयों को पात्रता के आधार पर नियमानुसार अग्रसारण हेतु उपलब्ध कराने का दायित्व होगा। निर्धारित अवधि के उपरान्त छात्रों के स्तर पर समस्त शेष सन्देहास्पद डाटा (त्रुटिपूर्ण आवेदन पत्र) ऑनलाइन सुधार के अभाव में स्वयं निरस्त माने जायेगें। छात्रवृत्ति योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष 2020-21 से छात्रवृत्ति व शुल्क प्रतिपूर्ति की धनराशि का अन्तरण हेतु आधार बेस पेमेन्ट की व्यवस्था की गयी है। इस प्रक्रिया के हेतु प्रत्येक छात्र को अपना बैंक खाता आधार सीडिंग कराना अनिवार्य होगा।

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