अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा की आवश्यक सभा आयोजित, कई महत्वपूर्ण निर्णय लिये


अमित कुमार पटेल, मुजफ्फरपुर। अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी कौशल किशोर आर्य के आवास पर नवल किशोर सिंह की अध्यक्षता में आयोजित अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा की आवश्यक सभा का संचालन महासभा के जिला अध्यक्ष राजेन्द्र पटेल ने किया। सभा की शुरुआत कौशल किशोर आर्य ने दीप प्रज्वलित व सरदार पटेल, छत्रपति शिवाजी और रामदुलारी कुंवर के चित्र पर माल्यापर्ण करकेे की। सभा को संबोधित करते हुए श्री आर्य ने कूर्मि जाति के गौरवशाली स्वाभिमानी इतिहास को जानने समझने, शोध करने पर बल देते हुए कहा कि कूर्मि जाति बहुत ही मेहनतकश, कृषक, भारत के विभिन्न राज्यों में शासन करने वाले ईमानदार, दयालु, प्रकृति प्रेमी और परोपकार करने वाली जाति है। हर सदी में कूर्मि जाति ने समाज और देश के विकास और मजबूती के लिए सहयोग करते हुए अपने जानों की कुर्बानी दी है, इस बात का साक्ष्य इतिहास में प्रत्यक्ष है। कूर्मि जाति का गौरवशाली इतिहास है, इसीलिए कूर्मि जाति के नाम पर हीन भावना का शिकार होने की जरूरत नहीं है। उन्होंने कहा कि समाज में व्याप्त असमानता की खाई पाटने के लिए आरक्षण के जनक छत्रपति राजर्षि शाहूजी महाराज अपने कोल्हापुर राज्य में जो पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक को विकास और मजबूती के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण 1902 में लागू किया था, उसको आगे बढाने की जरूरत है।


सभा को संबोधित करते हुए महासभा की महिला जिला अध्यक्ष और सीनेटर डा. गायत्री सिंह पटेल, पूर्वी चम्पारण से आये शैलेश कुमार पटेल और रजनीश कुमार पटेल ने कौशल किशोर आर्य से मार्गदर्शन करते रहने के लिए आग्रह किया। छपरा से आये डा. मुन्ना प्रसाद पटेल और देव सिंह पटेल ने अपने जनपद में फरवरी में सम्मेलन कराने और अपनी जमीन में महासभा का कार्यालय खोलने की घोषणा की। नगवा वैशाली से आये मनीष कुमार पटेल और अविनाश कुमार पटेल ने आपसी झगड़े और अहंकार त्याग कर समाज की सेवा करने के लिए अपील की। सभा का संचालन करते हुए महासभा के जिला अध्यक्ष राजेन्द्र पटेल ने समाजिक और राजनैतिक चेतना पर बल दिया। जिला मीडिया प्रभारी अमित कुमार पटेल ने गरीब और अमीरी की खाई को समाप्त करने के लिए अपील की। पूर्व प्रोफेसर अरूण कुमार सिन्हा ने जनपद में डिग्री काॅलेज खोलने पर विचार रखा।


इस अवसर पर महासभा ने सर्वसम्मति से कूर्मि जाति के पंचायत, वार्ड से लेकर जिला स्तर, राज्य स्तर तथा राष्ट्रीय स्तर पर सर्वे कराने। स्वजतिय बन्धुओं को महासभा की सदस्यता ग्रहण कराने, सरकार द्वारा लाये गये किसान विरोधी,जनविरोधी और देश विरोधी सभी कानूनों का विरोध करने और उन्हें वापस लेने के लिए सरकार पर दबाब डालने, इसके लिए जरूरत पडने पर धरना-, प्रदर्शन, अनशन और हस्ताक्षर अभियान चलाने का संकल्प लिया गया। इसके साथ ही कूर्मि समेत अन्य पिछड़े दलित और अल्पसंख्यक के हितों के विरूद्ध काम करने वाले सभी कूर्मि नेताओं समेत अन्य नेताओं का बहिष्कार करने, 3-4 मार्च 2021 को छतीसगढ़ के रायपुर में अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा के राष्ट्रीय अधिवेशन में मुजफ्फरपुर,वैशाली,छपरा पूर्वी चम्पारण से 500 कूर्मि बंधुओं के शामिल होने के फैसला लिया गया।


इस अवसर पर कूर्मि समाज के विद्यार्थियों और युवा वर्ग को प्रतियोगिता परीक्षाओं और व्यवसाय में मार्गदर्शन देने के लिए बौद्धिक प्रकोष्ठ बनाया गया, जिसमें प्रो. अरूण कुमार सिन्हा, डा. गायत्री सिंह पटेल, डा. प्रो. मनोज कुमार महतो, केदार प्रसाद सिंह सदस्य बनाये गये। जिले में सामूहिक विवाह समारोह आयोजित करने के लिए कूर्मि समाज के विवाह योग्य युवक और युवतियों की सूची तैयार करने का फैसला भी लिया गया। इसके साथ ही दहेज, बाल विवाह, मृत्यु भोज आदि कुरूतियों के बहिष्कार का फैसला लिया गया।
सभा को प्रो. मनोज कुमार महतो, रामचन्द्र आर्य, अरूण कुमार सिंह उर्फ लल्लू, बंटी पटेल, डा. मुन्ना प्रसाद पटेल, श्याम कुमार पटेल अधिवक्ता, प्रभात कुमार, कन्हैया प्रसाद, नीरज सिंह, ललन प्रसाद राय, अमित कुमार पटेल, मिथिलेश पटेल, विजय कुमार, नागेन्द्र प्रसाद सिंह व संतोष सिंह आदि ने भी सम्बोधित किया।

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