सिस्टम से काम नहीं होने पर नोएडा विकास प्राधिकरण की सीईओ ऋतु माहेश्वरी खफा

शि.वा.ब्यूरो, गौतमबुद्धनगर। नोएडा विकास प्राधिकरण की मुख्य कार्यपालक अधिकारी ऋतु माहेश्वरी ने मंगलवार को जनस्वास्थ्य विभाग के कामकाज की समीक्षा की। विभाग का काम बेहतर नहीं था। लिहाजा सीईओ ने नाराजगी जाहिर की और कहा कि प्राधिकरण के पास हर काम के लिए इंफ्रास्टक्चर मौजूद है, फिर भी सिस्टम से काम नहीं हो रहा है, जिससे अपेक्षित परिणाम नहीं मिल रहे हैं। इसमें सुधार की आवश्यकता है। सीईओ ने शहर के सफाईकर्मियों को दोपहर में दो घण्टे अवकाश देने का आदेश दिया है। प्रदूषण से निपटने के लिए शहर के सीवर ट्रीटमेंट प्लांट से शोधित पानी फ्री दिया जाएगा।
सीईओ ने कहा कि दोनों अधिकारी बायोमिथिनाइजेशन, सीएंडडी वेस्ट, एमआरएफ सेंटर, बाम्बू ड्रेन और स्वीपिंग से जुड़ी अपनी-अपनी परियोजना की समीक्षा करेंगे। कार्य के लिए एक समय सीमा तय करें। काम तय समय सीमा में पूरा कराया जाए। सीईओ ने कहा कि जिन कार्यों के लिए सैंद्धांतिक मंजूरी मिल चुकी हैं, उन्हें लंबित न रखा जाए। जल्दी से जल्दी कार्य पूरा कराया जाए।  अभी प्राधिकरण के सफाईकर्मियों की तैनाती 8-8 घंटे की शिफ्ट में की जा रही है। उनकी सहुलियत को देखते हुए 8 घंटे के कार्य में अब दो घंटे का आराम दिया जाएगा। सफाईकर्मियों की शिफ्ट सुबह 7 से 11 बजे और फिर दोपहर को 1 से 5 बजे तक की होगी। बीओटी के आधार पर बनाए गए यूरिनल की दिन में दो बार सफाई की जाएगी। प्राधिकरण क्षेत्र में विभिन्न स्थानों पर लगी एलईडी स्क्रीन पर वाटर प्लस, स्वच्छता और प्रदूषण निवारण से जुड़ी विडियो चलाकर लोगों को जागरूक किया जाएगा।
सीईओ ने कहा कि शहर में प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए शोधित जल का छिड़काव किया जा रहा है। शोधित जल के उपयोग को बढ़ाने के लिए यह जल निशुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। यह व्यवस्था प्राधिकरण के संविदाकारों के लिए भी लागू की गई है। उन्हें निशुल्क पानी दिया जाएगा।

Related posts

Leave a Comment