कोशिश जारी रहेगी

कूर्मि कौशल किशोर आर्य, शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र।

हम होंगे कामयाब एक दिन। अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा के दोनों गुटों में सुलह समझौता करके मजबूत बनाने की कोशिश जो हमने करीब ढाई वर्ष पहले राष्ट्रीय समता महासंघ के संस्थापक के रूप में शुरू की थी उसमें अब तक भले ही हमें सफलता नहीं मिल पाई है, पर इन वर्षों में देश के विभिन्न राज्यों के कूर्मि मित्र मेरे विभिन्न लेखों, पोस्ट से जागरूक और सावधान अवश्य हुए हैं। आने वाले समय में यह और ज्यादा धारदार रूप लेंगे ऐसा हमें विश्वास है। महासभा में एकीकरण होने तक हमारी सुलह समझौता करने की कोशिश और देश के कूर्मि समाज के मित्रों को जागरूक और संगठित करने की कोशिश जारी रहेगी।
पहले सितंबर 2019 में मराठा कुणबी अभय सिंह पाटिल (नागपुर महाराष्ट्र) और अब आज  07 अप्रैल 2021 को अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा के नवनिर्वाचित राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष सुरेन्द्र सिंह पटेल के आकस्मिक निधन से कूर्मि समाज की अपूरणीय क्षति हुई है, जिसकी क्षतिपूर्ति नहीं की जा सकती है। इन दोनों महान विभूति के निधन से हम खुद को कमजोर महसूस कर रहे हैं, पर हम निराश बिल्कुल भी नहीं हुए। पिछले करीब ढाई वर्ष पहले शुरू किये गये अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा के एकीकरण के प्रयास को हम एक दिन अवश्य देश के कूर्मि समाज को जागरूक और संगठित करके प्राप्त करने में कामयाब होंगे और इसमें बिहार की मुख्य भूमिका रहने वाली है। अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा के एकीकरण करने के लिए अधिकृत नन्दकुमार बघेल के बिहार दौरे के दौरान श्री बघेल के समक्ष 17-23 मार्च 2021 के आठों अभिनन्दन सह कूर्मि सम्मेलन में महासभा के एकीकरण करके मजबूत बनाने की मांग बिहार के कूर्मि समाज के मित्रों ने रखी। श्री बघेल द्वारा कूर्मि समाज के सम्मेलन में  कांग्रेस, सोनिया गांधी, प्रियंका और राहुल गांधी को समर्थन करने के लिए सलाह देने पर बिहार के कूर्मि मित्रों ने कहा कि महासभा को राजनीतिक हस्तक्षेप से दूर रखा जाये।8520/
8520/राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा 

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